यूपी में शिक्षकों के प्रमोशन 7 नवंबर तक, टीईटी अनिवार्य; सभी बीएसए को निर्देश

यूपी में शिक्षकों के प्रमोशन 7 नवंबर तक, टीईटी अनिवार्य; सभी बीएसए को निर्देश

उत्तर प्रदेश में परिषदीय विद्यालयों के शिक्षक-शिक्षिकाओं की पदोन्नति को लेकर महत्वपूर्ण अपडेट सामने आया है। बेसिक शिक्षा परिषद के सचिव सुरेन्द्र कुमार तिवारी ने सभी जिला बेसिक शिक्षा अधिकारियों (बीएसए) को पदोन्नति की प्रक्रिया निर्धारित समयसीमा में पूरी करने के निर्देश दिए हैं। दिए गए विवरण के अनुसार, शिक्षकों की पदोन्नति प्रक्रिया 7 नवंबर तक पूरी की जानी है। इस प्रक्रिया में वरिष्ठता सूची, पात्रता सूची और रिक्त पदों का निर्धारण महत्वपूर्ण होगा। साथ ही, पदोन्नति के लिए शिक्षक-शिक्षिकाओं की टीईटी योग्यता को अनिवार्य किया गया है।

वरिष्ठता सूची तैयार करने के निर्देश

सचिव की ओर से 9 अक्टूबर को शिक्षकों की वरिष्ठता सूची तैयार करके 23 अक्टूबर तक उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए थे। यदि किसी जिले में वरिष्ठता सूची पर आपत्तियां आमंत्रित करने, उनका निस्तारण करने और सूची को अंतिम रूप देने की प्रक्रिया पूरी नहीं हुई है, तो संबंधित अधिकारियों को 15 दिनों के भीतर सूची तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं।

वरिष्ठता सूची तैयार करते समय शिक्षकों की सेवा संबंधी जानकारी और उपलब्ध अभिलेखों का ध्यान रखा जाएगा। इसके बाद पदोन्नति के लिए पात्र शिक्षक-शिक्षिकाओं की सूची वरिष्ठता क्रम में तैयार की जाएगी। सूची में टीईटी उत्तीर्ण होने से संबंधित विवरण भी दर्ज करना होगा।

डायट प्राचार्य की अध्यक्षता में गठित होगी चयन समिति

पदोन्नति की प्रक्रिया के लिए जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डायट) के प्राचार्य की अध्यक्षता में चयन समिति गठित की जाएगी। समिति में जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी सदस्य सचिव के रूप में शामिल होंगे। इसके अलावा जिला मुख्यालय स्थित राजकीय बालिका इंटरमीडिएट कॉलेज की प्रधानाचार्य और जिलाधिकारी की ओर से नामित हिंदी, उर्दू या अन्य भाषा के विशेषज्ञ को भी सदस्य के रूप में शामिल किया जाएगा।

संबंधित अधिकारी अभ्यर्थियों की सूची वरिष्ठता क्रम में तैयार करके उनकी चरित्र पंजिकाओं और आवश्यक अभिलेखों के साथ चयन समिति के सामने प्रस्तुत करेंगे। चयन समिति चयनित अभ्यर्थियों की सूची तैयार करके नियुक्ति प्राधिकारी को भेजेगी। इसके बाद अनुपयुक्त शिक्षक-शिक्षिकाओं को हटाते हुए उपलब्ध रिक्त पदों के सापेक्ष वरिष्ठता क्रम में पात्रता सूची तैयार की जाएगी।

पदोन्नति में टीईटी अनिवार्य, योग्यता के अनुसार मिलेगा विकल्प

बेसिक शिक्षा विभाग ने पदोन्नति के लिए शिक्षक-शिक्षिकाओं की टीईटी योग्यता को अनिवार्य किया है। पात्रता सूची में यह स्पष्ट रूप से दर्ज किया जाएगा कि संबंधित शिक्षक ने प्राथमिक स्तर की टीईटी उत्तीर्ण की है या उच्च प्राथमिक स्तर की।

दिए गए विवरण के अनुसार, केवल प्राथमिक स्तर की टीईटी उत्तीर्ण करने वाले शिक्षक प्राथमिक विद्यालयों में पदस्थापन के लिए पात्र होंगे। उच्च प्राथमिक स्तर की टीईटी उत्तीर्ण करने वाले शिक्षक उच्च प्राथमिक विद्यालयों में पदस्थापन के लिए पात्र होंगे। वहीं, प्राथमिक और उच्च प्राथमिक दोनों स्तर की टीईटी उत्तीर्ण करने वाले शिक्षक दोनों प्रकार के विद्यालयों में पदस्थापन के लिए पात्र होंगे।

पदोन्नति के लिए पात्र शिक्षकों से वरिष्ठता के आधार पर प्राथमिक या उच्च प्राथमिक विद्यालय का विकल्प लिया जाएगा। विकल्प लेने से पहले उन्हें यह जानकारी दी जाएगी कि संबंधित पद के लिए आवश्यक टीईटी उत्तीर्ण होना अनिवार्य है। इसलिए शिक्षकों को अपनी टीईटी योग्यता और उपलब्ध अभिलेखों की जानकारी सही तरीके से प्रस्तुत करनी होगी।

23 अक्टूबर तक परिषद को भेजनी होगी जानकारी

निर्देशों के अनुसार, जिलों में पदोन्नति के लिए उपलब्ध रिक्त पदों, वरिष्ठता सूची और पात्रता सूची से संबंधित जानकारी 23 अक्टूबर तक बेसिक शिक्षा परिषद की ई-मेल पर उपलब्ध करानी होगी। इसके आधार पर आगे की पदोन्नति प्रक्रिया को पूरा किया जाएगा।

शिक्षक-शिक्षिकाओं के लिए वरिष्ठता सूची में अपना विवरण जांचना और किसी त्रुटि की स्थिति में निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार आपत्ति प्रस्तुत करना महत्वपूर्ण रहेगा। साथ ही, टीईटी प्रमाणपत्र और सेवा संबंधी आवश्यक अभिलेखों का विवरण भी सही होना चाहिए।

महत्वपूर्ण बात: उपलब्ध कराई गई खबर के अनुसार पदोन्नति प्रक्रिया 7 नवंबर तक पूरी करने का निर्देश है और टीईटी अनिवार्य रखी गई है। शिक्षकों को अपने जिले में जारी आधिकारिक निर्देशों और विभागीय सूचना के आधार पर आगे की कार्रवाई करनी चाहिए।

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